electronic taxis

60 हजार रूपए मासिक वेतन लेने वाले भी है ड्राइवर

  • प्रतिदिन एवरेज निकल रही 1200 से 1800 तक के बीच
  • प्रदेश के विभिन्न सिटी में दे रही है इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सी सेवा
  • HRTC का जनता से आहवा्न,यूटिलाईज करें टैक्सियां

राकेश पंडित । मंडी
सरकार द्वारा प्रदेश में जनता की सेवा को समर्पित राइड विद प्राइड इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियां ड्राईवरों की तनख्वा तक नहीं निकाल रही है। इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियां प्रदेश के विभिन्न शहरों में चल रही है। इन टैक्सियों में किराया भी 10 से 15 रूपय तक के बीच है। सूत्रों के मुताबिक प्रतिदिन इलैक्ट्रॉनिक टैक्सियों की एवरेज 1200 से 1800 तक के बीच ही निकल रही हैं।

हालात यह है कि HRTC महकमा जनता से भी आहॅवान कर रहा है कि इन टैक्सियों में सफर करें। ताकि कम से कम इस टैक्सी सेवा से ड्राईवरों की तनखाह तक निकल सके। यही नहीं, प्रदेश के विभिन्न शहर में इन इलेक्ट्रॉनिक टैक्सियों को चला रहे HRTC के अधिकांश ड्राईवरों की तनख्वाह भी प्रतिमाह 60 हजार रूपए के करीब है। परंतु प्रतिदिन एवरेज में ड्राईवरों की तनख्वाह भी नहीं निकाल रही हैं। शहरों में चल रहे रिक्शा वाले करीब 20 से 50 रूपए तक के बीच का किराया सवारियों से वसूल करते हैं।

HRTC अधिकारियों की मानें तो सरकार ने सेवा जनता के लिए समर्पित की है

मगर राइड विद प्राइड इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियां में सस्ता किराया होने के बाद भी एक आटो रिक्श की एवरेज के मुकाबले में पीछे ही चल रही है। इस इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियां में करीब सात लोगों के बैठने की क्षमता रखी गई है। HRTC अधिकारियों की मानें तो सरकार ने सेवा जनता के लिए समर्पित की है। ऐसे में किसी प्रकार का कोई घाटा होने की बात नहीं, लेकिन चालकों की तनख्वा नहीं जाए यह प्रयास होना अवश्य है।

काबिले गौर है कि प्रदेश को प्रदूषण मुक्त करने के उद्देश्य से भी राइड विद प्राइड इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियोंं की सेवा को सरकार ने शुरू किया। जिससे जनता ने सराहा भी है,लेकिन सफर करने में लोग अभी भी कोई रूचि नहीं दिखा रहे। करीब दस लाख रूपए की लागत से इन टैक्सियों की किम्मत है। इन टैक्सियों को परिवहन निगम की कार्यशालों में विशेष चार्जर भी स्थापित किया गया है।

मंडी में छह इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सी दे रही सेवा

मंडी शहर में छह राइड विद प्राइड इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियां अपनी सेवा जनता को दे रही है। यह टैक्सियां बस अड्डे से अस्पताल, टारना, खलियार आदि स्टेशनों तक दौड़ती है। बताया जा रहा है कि इन टैक्सियों में 90 किलोमीटर तक चलने का बैटरी बैकअप है। बस अड्डा से अस्पताल तक 10 रुपए किराया,तो टारना, खलियार तक 15 रूपए किराया लिया जाता है। जबकि ऑटो रिक्शा में दो गुणा जायदा किराया सवारियों से लिया जाता है।

जनता करें टैक्सियों का यूटिलाईज

उधर एचआरटीसी मंडी के आरएम विनोद ठाुकर ने बताया कि इलेक्ट्रिॉनिक टैक्सियों की प्रतिदिन एवरेज 1200 से 1800 तक के बीच है। जनता को इन टैक्सियों का अधिक से अधिक लाभ उठाना चाहिए। इन टैक्सियों में 10 से 15 रूपए तक किराया है।

सात दिन से लापता 10वीं के छात्र नहीं कोई सुराग

Comments

Coming soon

Career Counsling

Get free career counsling and pursue your dreams