igmc research

HP हार्ट अटैक रजिस्ट्री के आंकड़े चौंकाने वाले

  • 150 लोगों की जा रही दिल के दौरे से जान
  • 40 से ज्यादा उम्र वाले लोग ज्यादा रिस्क पर

हिमाचल दस्तक ब्यूरो। शिमला
हिमाचल में हर साल करीब 3000 लोगों को दिल का दौरा पड़ रहा है। इनमें से 150 मरीज हर साल जान गंवा रहे हैं। कारण हमारी आदतें हैं और 40 साल से ज्यादा उम्र वाले ज्यादा रिस्क पर हैं। IGMC की HP हार्ट अटैक रजिस्ट्री के ये आंकड़े हैं। इसका कारण भागदौड़ वाली जिंदगी, तनाव, मधुमेह और आराम परस्ती सहित खानपान की गलत आदतें हैं।

IGMC अस्पताल के कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट ने दिल के रोगों पर विस्तृत अध्ययन किया है। मेडिकल रिसर्च यूनिट के तहत प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों के लोगों की जांच की गई। यूनिट में शामिल डॉक्टर्स व लैब टैक्नीशियंज ने प्रदेश भर में कामकाजी लोगों, युवाओं, महिलाओं, दुकानदारों, छात्रों आदि के विभिन्न ब्लड टैस्ट और अन्य स्वास्थ्य जांच की। इस जांच की डॉक्यूमेंटेशन की गई। उसके बाद हिमाचल प्रदेश हार्ट अटैक रजिस्ट्री तैयार की गई है।

इस अध्ययन से चौंकाने वाले परिणाम आए हैं। अध्ययन रिपोर्ट के अनुसार हिमाचल में हर साल तीन हजार लोगों को हार्ट अटैक का सामना करना पड़ता है। हार्ट अटैक के कारण हर साल डेढ़ सौ लोगों को असमय ही काल का शिकार होना पड़ रहा है। खतरनाक संकेत ये हैं कि जवान दिल भी बीमार हो रहे हैं। चालीस साल से कम आयु वाले 200 लोगों को हर साल दिल का दौरा पड़ रहा है।

ये हैं दिल के मरीज बढऩे के कारण

हिमाचल में हार्ट अटैक का मुख्य कारण धूम्रपान है। हाई BP और डायबिटिज अन्य वजहें हैं। स्मोकिंग का बुरा प्रभाव दिल पर पड़ता है। हाई BP का एक कारण स्मोकिंग भी है। इसके अलावा मधुमेह के कारण भी दिल के रोग बढ़ रहे हैं। समूचे विश्व में भारत को डायबिटिज की कैपिटल कहा जा रहा है।

भारत के साथ ही हिमाचल प्रदेश में भी मधुमेह तेजी से पांव पसार रहा है। अन्य कारणों में हाई कोलेस्ट्रॉल भी है। ये सब मिलकर हार्ट अटैक को निमंत्रण दे रहे हैं। चिंता की बात है कि हाई बीपीए डायबिटिज और हाई कोलेस्ट्राल वाले पचास फीसदी से अधिक लोग इस बात से अनजान हैं कि ये कारण दिल के रोगों को बुला रहे हैं।

45 मिनट की कसरत बचाएगी दिल के रोगों से

IGMC अस्पताल के कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट के हैड प्रोफेसर पीसी नेगी के अनुसार दिल की बीमारियों को कम करने के लिए सबसे बड़ा साधन रोजाना की कसरत है। कम से कम 45 मिनट की कसरत रोज चाहिए। भोजन में हरी सब्जियों को शामिल करना होगा। तंबाकू का सेवन छोडऩा होगा।

रोकथाम के उपायों के तहत मधुमेह का टेस्ट नियमित समय पर करवाना चाहिए। बीपी को नियंत्रित करने के लिए नियमित रूप से दवाइयों का प्रयोग करना चाहिए। डॉ. पीसी नेगी का कहना है कि हार्ट अटैक से बचने के लिए जागरूकता की जरूरत है। 40 साल से कम आयु के लोग सेहत के प्रति लापरवाह रहते हैं।

Comments

Coming soon

Career Counsling

Get free career counsling and pursue your dreams