मंडी। मंडी जिला के लडभड़ोल क्षेत्र में सिमसा माता को संतानदात्री के नाम से जाना जाता है। जहां संतान प्राप्ति के लिए मां शारदा सिमसा के आशीर्वाद से मनोकामना पूरी होती है। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज का दंपती भी शादी के बारह साल बाद संतान होने के बाद शनिवार को लडभड़ोल पहुंचा। शादी के 12 साल बाद संतान सुख मिलने पर दंपती के चेहरे पर खुशी झलक रही थी। आंखों में खुशी के आंसू थे और गोद में वह किलकारी गूंज रही थी, जिसका उन्होंने सालों इंतजार किया।
प्रयागराज के प्रेमचंद और माया देवी बताते हैं कि वह 2022 में माता सिमसा के दरबार में हाजिरी लगाने आए थे और वहीं पर उन्हें माता ने स्वप्न में फल दिया । उन्होंने बताया की शादी के 12 वर्ष के बाद उन्हें संतान की प्राप्ति हुई उन्हें सोशल मीडिया के माध्यम से मां शारदा सिमसा मंदिर के बारे में पता चला तथा 2022 में यहां आए आए और आशीर्वाद लिया। माया देवी ने मंदिर परिसर में धरना स्वप्न तक सोना दिया। इस स्वप्न के बाद में उन्हें पुत्री की प्राप्ति हुई।
प्रेमचंद ने बताया कि उन्होंने आज पुत्री के साथ मां के दर शीश नवाया। शारदा माता मंदिर कमेटी के पुजारी विनोद कुमार ने बताया कि यह सब मां का ही आशीर्वाद है तथा जो भी भक्त माता के दरबार में सच्चे मन से आता है माता उसकी झोलियां जरूर भरती है।





