शिमला। हिमाचल प्रदेश विधानसभा का मानसून सत्र गुरुवार को समाप्त हो गया और इसके पश्चात सदन को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया गया। सत्र की 10 बैठकों के दौरान सात विधेयक पारित किए गए। विधानसभा अध्यक्ष कुलदीप सिंह पठानियां ने सत्र की समाप्ति के बाद बताया कि चौदहवीं विधानसभा का 12वां सत्र अपेक्षा के अनुरूप सफल रहा। इस दौरान सदन की कार्यवाही करीब 45 घंटे 30 मिनट चली। सत्र की उत्पादकता 91 प्रतिशत रही। सत्र के पहले दिन पूर्व विधायकों स्वर्गीय विजयेन्द्र सिंह, राम चंद भाटिया, ज्ञान चंद और राम रत्न शर्मा के निधन पर सदन में शोक प्रस्ताव पढ़े गए और सभी सदस्यों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।

786 सवालों के जवाब सदन में रखे गए
अध्यक्ष ने बताया कि मानसून सत्र के दौरान सदस्यों की ओर से पूछे गए सवालों से जुड़ी कुल 786 सूचनाओं के उत्तर सरकार की ओर से उपलब्ध करवाए गए। इनमें 514 तारांकित और 272 अतारांकित प्रश्न शामिल रहे। सदस्यों ने इन सवालों के माध्यम से प्रदेश से जुड़े अलग-अलग मुद्दे सदन में उठाए और सरकार से जवाब मांगे।
अलग-अलग नियमों के तहत हुई चर्चाएं
सत्र के दौरान नियम 62 के तहत 14 विषयों, नियम 101 के तहत पांच विषयों और नियम 130 के तहत दो विषयों पर चर्चा हुई। नियम 324 के तहत भी 11 विषय सदन में चर्चा के लिए लाए गए। इन चर्चाओं के दौरान विधायकों ने अपने सुझाव रखे। शून्यकाल में भी सदस्यों ने 34 अलग-अलग विषय सदन में उठाए।
44 प्रतिवेदन भी सदन में किए प्रस्तुत
उन्होंने बताया कि मानसून सत्र के दौरान 27 अगस्त को गैर सरकारी सदस्य कार्य दिवस के लिए निर्धारित किया गया था। इसके अलावा सदन में कुल सात सरकारी विधेयक पेश किए गए और चर्चा के बाद उन्हें पारित किया गया। विधानसभा की विभिन्न समितियों के 44 प्रतिवेदन भी सदन में प्रस्तुत किए गए।
1,908 विद्यार्थियों ने देखी विधानसभा की कार्यवाही
इस सत्र के दौरान प्रदेश के सरकारी और गैर सरकारी शिक्षण संस्थानों के करीब 1,908 विद्यार्थियों ने विधानसभा की कार्यवाही देखी। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि बड़ी संख्या में विद्यार्थियों का सदन की कार्यवाही देखना युवाओं की लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति रुचि और उत्सुकता को दर्शाता है।
पिछले सत्र से कम रही बैठकों की संख्या और उत्पादकता
अध्यक्ष ने पिछले सत्र से इस सत्र की तुलना करते हुए बताया कि पिछले सत्र में विधानसभा की 16 बैठकें हुई थीं और सदन की कार्यवाही करीब 84 घंटे 49 मिनट चली थी। उस सत्र की उत्पादकता 103 प्रतिशत रही थी। पिछले सत्र में सदस्यों की ओर से प्रश्नों के माध्यम से 617 सूचनाएं प्राप्त हुई थीं।
अध्यक्ष ने सत्ता पक्ष और विपक्ष का जताया आभार
कुलदीप सिंह पठानियां ने मानसून सत्र के सफल संचालन के लिए सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्यों का आभार जताया। उन्होंने सदन के नेता मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू, नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर, संसदीय कार्य मंत्री हर्षवर्धन चौहान और सभापति तालिका के सभी सदस्यों को भी सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।








