सीएम सुक्खू ने पंजाब के मुख्यमंत्री से की बात, मामले की जांच करने को कहा
शिमला। पंजाब में हिमाचल प्रदेश के वाहनों से कथित रूप से खालसा टैक्स वसूले जाने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान से मुलाकात कर उचित कार्रवाई की मांग की है। वही राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने कहा कि पंजाब में कुछ निहंग समूहों द्वारा हिमाचल नंबर की गाड़ियों को रोककर टैक्स वसूला गया, जो पूरी तरह गैरकानूनी है। उनका कहना है कि यह कार्रवाई हिमाचल प्रदेश द्वारा लगाए गए प्रवेश कर (एंट्री टैक्स) के विरोध में की गई।

पर्यटन सीजन शुरू होते ही प्रदेश की छवि खराब करने की कोशिश
मंत्री ने आरोप लगाया कि पर्यटन सीजन शुरू होते ही प्रदेश की छवि खराब करने की कोशिशें शुरू हो जाती हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे घटनाक्रमों के पीछे राजनीतिक साजिश भी हो सकती है। उनके अनुसार, बुधवार को कीरतपुर क्षेत्र में सुबह से दोपहर तक हिमाचल के वाहनों को रोककर कथित खालसा टैक्स वसूला गया। बाद में पुलिस अधिकारियों के हस्तक्षेप और समझाइश के बाद यह गतिविधि बंद कर दी गई। राज्य सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए पंजाब सरकार से दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने की मांग की है।
हिमाचल की शांत वादियों का माहौल हो रहा खराब : जगत सिंह नेगी
जगत सिंह नेगी ने कहा कि हर साल पर्यटन सीजन में हिमाचल की शांत वादियों का माहौल भी खराब किया जाता है। टूरिस्ट राज्य के लोगों को धमकाते है, उन्हें जान से मारने की धमकिया देते है। उन्होंने कहा कि कई जगहों पर टूरिस्ट गोलियां चलाते भी नजर आते है। इससे भी माहौल खराब हो रहा है। उन्होंने कहा कि हर राज्य को टैक्स लगाने का अधिकार होता है। ऐसे में टैक्स को लेकर किए जा रहे इस विरोध का कोई औचित्य नहीं है।







