शिमला । जुब्बल क्षेत्र के धार गांव में देर रात लगी भीषण आग ने पांच परिवारों के घर छीन लिए। आग इतनी तेजी से फैली कि पांच रिहायशी मकान पूरी तरह जलकर राख हो गए। राहत की बात यह रही कि हादसे में किसी व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है।

जानकारी के अनुसार धार गांव में वीरवार देर रात करीब 11:20 बजे आग लगने की सूचना जुब्बल अग्निशमन केंद्र को मिली। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम तुरंत मौके के लिए रवाना हुई। आग की भयावहता को देखते हुए रोहड़ू, कोटखाई और टिक्कर से भी दमकल वाहन बुलाए गए। स्थानीय पुलिस और ग्रामीणों ने भी आग पर काबू पाने में दमकल कर्मियों का सहयोग किया।
रातभर आग बुझाने में जुटे रहे दमकल कर्मी
आग इतनी विकराल थी कि इसे नियंत्रित करने के लिए दमकल कर्मचारियों को रातभर कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। आग को गांव के दूसरे मकानों और आसपास के क्षेत्र में फैलने से रोकना भी बड़ी चुनौती थी। दमकल दल सुबह तक मौके पर डटा रहा। कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। अग्निशमन विभाग की ओर से आग से हुए नुकसान का विस्तृत आकलन किया जा रहा है। प्रारंभिक तौर पर संपत्ति के भारी नुकसान की बात सामने आई है।
पांच परिवारों के मकान पूरी तरह जले
इस अग्निकांड में नानक चंद चौहान, हरनाम सिंह धाल्टा, नरेंद्र सिंह धाल्टा, गिंदा देवी और अनिल धान्टा के परिवार प्रभावित हुए हैं। आग की चपेट में आने से पांचों रिहायशी मकान पूरी तरह जल गए। परिवारों ने अपनी मेहनत से बनाए आशियाने खो दिए हैं। हालांकि, समय रहते लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे किसी तरह के जानी नुकसान की सूचना नहीं है।
आग लगने के कारणों की जांच जारी
जुब्बल थाना प्रभारी के अनुसार आग की घटना में पांच मकान जले हैं और किसी व्यक्ति के हताहत होने की सूचना नहीं है। आग लगने के वास्तविक कारणों का अभी पता नहीं चल पाया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। आग लगने के कारणों का पता लगाने के साथ-साथ नुकसान का भी आकलन किया जा रहा है।
रोहित ठाकुर ने जताया दुख, हरसंभव मदद का भरोसा
शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने धार गांव में हुए अग्निकांड पर गहरा दुख जताया है। उन्होंने प्रभावित परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि जीवनभर की मेहनत से बनाए आशियाने का आग की भेंट चढ़ जाना बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने प्रभावित परिवारों को भरोसा दिलाया कि संकट की इस घड़ी में वे खुद को अकेला न समझें। प्रदेश सरकार और प्रशासन उनके साथ खड़े हैं।
प्रभावित परिवारों को राहत दिलाने के निर्देश
रोहित ठाकुर ने कहा कि अग्निकांड में हुए नुकसान को देखते हुए प्रभावित परिवारों को सरकार की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध करवाने के प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने आपदा राहत नियमावली के तहत राहत और सहायता का मामला मुख्यमंत्री के समक्ष उठाने की बात कही। मंत्री ने प्रशासन को प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत उपलब्ध करवाने, नुकसान का जल्द आकलन करने और जरूरी औपचारिकताएं शीघ्र पूरी करने के निर्देश दिए हैं। प्रशासन की ओर से प्रभावित परिवारों को फौरी राहत देने और उनके रहने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने की बात कही गई है।
राहत की बात: टला बड़ा जानी नुकसान
जुब्बल के धार गांव में हुए इस अग्निकांड ने पांच परिवारों को बड़ा आर्थिक और भावनात्मक झटका दिया है। घरों का जल जाना प्रभावित परिवारों के लिए बेहद मुश्किल घड़ी है। ऐसे में प्रशासन की ओर से समय पर राहत और पुनर्वास की व्यवस्था इन परिवारों के लिए बड़ी मदद साबित हो सकती है।








