राज्यपाल ने सुंदरनगर में आयुष्मान आरोग्य शिविर का किया शुभारंभ
सुंदरनगर। राज्यपाल कविंद्र गुप्ता ने मंगलवार को विश्व स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर मंडी जिले के सुंदरनगर स्थित दिव्य मानव ज्योति सेवा ट्रस्ट डैहर में स्वास्थ्य विभाग द्वारा आयोजित आयुष्मान आरोग्य शिविर का शुभारंभ किया। इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री मोदी के स्वस्थ भारत की परिकल्पना के अनुरूप सभी नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण, सुलभ और समान स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि हाल के वर्षों में राज्य ने प्रमुख स्वास्थ्य संकेतकों में उल्लेखनीय सुधार दर्ज किया है।

टीबी के मामलों की संख्या 2025 में घटकर 14,653 तक पहुंची
गुप्ता ने क्षय रोग टीबी की चुनौतियों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि टीबी आज भी समाज में एक प्रमुख समस्या बनी हुई है, हालांकि राज्य इस बीमारी से निपटने में उल्लेखनीय प्रगति कर रहा है। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश में टीबी के मामलों की संख्या वर्ष 2022 में 15,760 से घटकर वर्ष 2025 में 14,653 हो गई है, जो स्वास्थ्य कर्मियों के प्रयासों और समाज की सामूहिक भागीदारी को दर्शाता है।
राज्य में लगभग 1.49 लाख लोगों की हुई स्क्रीनिंग
गुप्ता ने कहा कि राज्य में ज्यादा जोखिम वाले लगभग 1.49 लाख व्यक्तियों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है। इनमें से लगभग सात लाख 46 प्रतिशत लोगों की जांच एक्स-रे के माध्यम से की गई, जो राष्ट्रीय औसत से बेहतर है। उन्होंने कहा कि शिविरों में आधुनिक हैंडहेल्ड एक्स-रे मशीनों और उन्नत डायग्नोस्टिक सुविधाओं का उपयोग करते हुए नि:शुल्क जांच की जा रही है, जबकि मोबाइल स्वास्थ्य इकाइयां दूरदराज और कठिन क्षेत्रों तक सेवाएं सुनिश्चित कर रही हैं।

जन आंदोलन बनाने की आवश्यकता
राज्यपाल ने कहा कि 100 दिवसीय विशेष अभियान इस दिशा में एक निर्णायक पहल है। इसके तहत राज्य में 5,176 उच्च जोखिम वाले गांवों और शहरी वार्डों की पहचान की गई है। राज्यपाल ने सामुदायिक भागीदारी के महत्व पर बल देते हुए कहा कि क्षय रोग उन्मूलन केवल स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी नहीं है, इसे जन आंदोलन बनाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों, पंचायतों, युवाओं, स्वयं सहायता समूहों, आशा कार्यकर्ताओं और प्रत्येक नागरिक को टीबी उन्मूलन में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए।
टीबी उन्मूलन अभियान में सहयोग देने का आग्रह
राज्यपाल ने कहा कि लोक भवन की ओर से सभी मंत्रीगण, सांसदों और विधायकों को पत्र लिखकर टीबी उन्मूलन अभियान में सक्रिय सहयोग देने का आग्रह किया गया है। गुप्ता ने कहा कि सरदार पटेल विश्वविद्यालय मंडी द्वारा कोटली मेडिकल ब्लॉक के 75 टीबी मरीजों को गोद लिया गया है जो अत्यंत सराहनीय है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के राज्य सलाहकार डॉ. निशांत ने टीबी उन्मूलन अभियान में राज्य की उपलब्धियों की जानकारी दी। दिव्य मानव ज्योति सेवा ट्रस्ट के अध्यक्ष सत्य प्रकाश शर्मा ने संस्था के बारे में जानकारी साझा की। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. दिनेश ठाकुर ने राज्यपाल का स्वागत किया और टीबी मुक्त भारत अभियान के बारे में विस्तार से बताया।







